अंकिता सरोजा ने मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन (MIIQ) के माध्यम से विवाहित महिलाओं के लिए सपनों को फिर से जीने का एक नया मंच तैयार किया है। यह प्रतियोगिता केवल ग्लैमर के बारे में नहीं, बल्कि महिलाओं को समाज के लिए रोल मॉडल बनाने के बारे में है।
मुख्य बातें
- अंकिता सरोजा ने मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन (MIIQ) के माध्यम से महिलाओं के सशक्तिकरण पर जोर दिया।
- 2026 संस्करण में 21 से 74 वर्ष की आयु की महिलाओं ने भाग लिया।
- धनश्री जोशी देशमुख दिल्ली की विजेता बनीं, जबकि मीरा गाढिया ने क्लासिक श्रेणी जीती।
- यह मंच केवल सुंदरता नहीं, बल्कि नेतृत्व और आत्मविश्वास का परीक्षण करता है।
नई दिल्ली के द लीला एम्बिएंस कन्वेंशन होटल में आयोजित मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन 2026 का छठा संस्करण सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस आयोजन की संस्थापक और निदेशक, अंकिता सरोजा ने सौंदर्य प्रतियोगिताओं की पारंपरिक परिभाषा को बदलते हुए इसे महिला सशक्तिकरण और समावेशिता का एक वैश्विक मंच बना दिया है।
इस भव्य समारोह में बॉलीवुड अभिनेत्री नीलम कोठारी सोनी की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई। प्रतियोगिता के मुख्य आकर्षण में धनश्री जोशी देशमुख (दिल्ली) को 'मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन 2026' के खिताब से नवाजा गया, जबकि मीरा गाढिया (दुबई) ने 'क्लासिक मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन 2026' का खिताब जीता। दोनों विजेताओं को 1 लाख रुपये का नकद पुरस्कार प्रदान किया गया।
क्यों यह महत्वपूर्ण है?
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि अंकिता सरोजा की यह पहल सामाजिक रूढ़ियों को तोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। अक्सर शादी और बच्चों की जिम्मेदारियों के बीच महिलाएं अपने व्यक्तिगत सपनों को पीछे छोड़ देती हैं। MIIQ उन्हें यह याद दिलाता है कि सपने देखने की कोई उम्र नहीं होती। इस वर्ष की प्रतियोगिता में 21 से लेकर 74 वर्ष तक की महिलाएं शामिल हुईं, जो यह साबित करता है कि आत्मविश्वास और महत्वाकांक्षा की कोई सीमा नहीं है।
"मेरा लक्ष्य महिलाओं को एक ऐसा मंच देना है जो उन्हें बताए कि सपने देखने के लिए कभी भी देर नहीं होती।" - अंकिता सरोजा
विजेताओं की सूची
| पुरस्कार/श्रेणी | विजेता का नाम | स्थान |
|---|---|---|
| मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन 2026 | धनश्री जोशी देशमुख | दिल्ली |
| क्लासिक मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन | मीरा गाढिया | दुबई |
| प्रथम रनर-अप (MIIQ) | मोनिशा श्रीकांत | सिंगापुर |
| द्वितीय रनर-अप (MIIQ) | आयुषी शर्मा | मध्य प्रदेश |
प्रतियोगिता केवल मंच पर चलने तक सीमित नहीं है। प्रतिभागियों को रनवे प्रेजेंटेशन, आत्मरक्षा, त्वचा की देखभाल और मेकअप जैसे विभिन्न क्षेत्रों में विशेषज्ञों से प्रशिक्षण दिया जाता है। यह प्रशिक्षण उन्हें जीवन के विभिन्न चरणों में आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने में मदद करता है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
वर्ष 2020 में मात्र 30 प्रतिभागियों के साथ शुरू हुआ यह सफर आज 91 प्रतिभागियों तक पहुँच गया है। अंकिता सरोजा, जो स्वयं एक पूर्व खिताब धारक हैं, ने इस मंच को एक समुदाय में बदल दिया है जहाँ महिलाएं व्यवसाय, सार्वजनिक भाषण और सामाजिक कार्यों के माध्यम से अपनी पहचान बना रही हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
प्रश्न 1: मिसेज इंडिया इंटरनेशनल क्वीन का मुख्य उद्देश्य क्या है?
उत्तर: इसका उद्देश्य विवाहित महिलाओं के आत्मविश्वास को बढ़ाना और उन्हें समाज के लिए रोल मॉडल के रूप में तैयार करना है।
प्रश्न 2: क्या इसमें केवल सुंदरता को परखा जाता है?
उत्तर: नहीं, प्रतिभागियों का मूल्यांकन उनके संचार कौशल, नेतृत्व क्षमता और व्यक्तिगत उपलब्धियों के आधार पर किया जाता है।