तिरुनेलवेली नगर निगम में कार्यरत स्वच्छता कर्मियों ने एक निजी ठेका फर्म पर उनके वेतन से पीएफ कटौती करने के बावजूद उसे जमा न करने का आरोप लगाया है। इस वित्तीय धोखाधड़ी के खिलाफ कर्मियों ने नगर निगम प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।

मुख्य बातें

  • निजी ठेका फर्म ने 2019 से स्वच्छता कर्मियों के वेतन से पीएफ काटा, लेकिन खातों में जमा नहीं किया।
  • कर्मचारियों ने इस मामले को लेकर तिरुनेलवेली नगर निगम में याचिका दायर की।
  • क्षेत्र के निवासियों ने जल निकासी और पाइपलाइन कार्यों को लेकर भी शिकायतें दर्ज कराई हैं।

तिरुनेलवेली, तमिलनाडु: तिरुनेलवेली नगर निगम में कार्यरत अस्थायी स्वच्छता कर्मियों के बीच भारी असंतोष व्याप्त है। एक निजी ठेका फर्म द्वारा उनके भविष्य निधि (PF) योगदान का भुगतान न करने के मामले ने अब एक बड़े विवाद का रूप ले लिया है।

मंगलवार को आयोजित साप्ताहिक शिकायत निवारण बैठक के दौरान, श्रमिकों ने सहायक आयुक्त महालक्ष्मी को एक याचिका सौंपी। याचिका में आरोप लगाया गया है कि जो निजी फर्म स्वच्छता कार्यों का प्रबंधन कर रही है, वह 2019 से कर्मचारियों के मासिक वेतन से पीएफ की राशि काट रही है। हालांकि, चौंकाने वाली बात यह है कि अगस्त 2026 तक यह राशि कर्मचारियों के कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) खातों में जमा नहीं की गई है।

यह क्यों महत्वपूर्ण है

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि इस तरह की वित्तीय अनियमितताएं न केवल श्रमिकों के आर्थिक अधिकारों का हनन हैं, बल्कि यह कॉर्पोरेट जवाबदेही पर भी गंभीर सवाल खड़े करती हैं। यदि ठेका कंपनियां सरकारी निकायों के तहत काम करते हुए श्रमिकों के सामाजिक सुरक्षा कोष के साथ छेड़छाड़ करती हैं, तो यह कानून का सीधा उल्लंघन है।

श्रमिकों के वेतन से पैसा काटकर जमा न करना एक गंभीर आपराधिक कृत्य है, जो उनके भविष्य को अंधकार में डाल देता है।

श्रमिकों ने मांग की है कि नगर निगम इस निजी फर्म के खिलाफ सख्त कार्रवाई करे और यह सुनिश्चित करे कि प्रत्येक कर्मचारी के खाते में बकाया पीएफ राशि तुरंत जमा की जाए।

अन्य स्थानीय मुद्दे

इस विरोध प्रदर्शन के साथ-साथ, स्थानीय निवासियों ने अन्य गंभीर समस्याएं भी उठाई हैं:

  • V.M. चथ्रम के निवासी: जल निकायों के भीतर पाइपलाइन बिछाने के काम को रोकने की मांग की है, जो मद्रास उच्च न्यायालय के निर्देशों का उल्लंघन है।
  • पेटाई के निवासी: सड़क किनारे स्थित मांस की दुकानों द्वारा नालियों में कचरा फेंकने से फैलने वाली बीमारियों और गंदगी के खिलाफ शिकायत की है।
क्या आप जानते हैं?: पीएफ (Provident Fund) केवल एक बचत योजना नहीं है, बल्कि यह सेवानिवृत्ति के बाद श्रमिकों के लिए जीवन रेखा के समान है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

1. श्रमिकों के साथ क्या धोखाधड़ी हुई है?

निजी फर्म ने 2019 से श्रमिकों के वेतन से पीएफ काटा, लेकिन उसे उनके EPFO खातों में जमा नहीं किया।

2. श्रमिक अब क्या समाधान चाहते हैं?

वे चाहते हैं कि नगर निगम दोषी फर्म पर कार्रवाई करे और उनका सारा बकाया पीएफ तुरंत जमा कराए।