कोलकाता हवाई अड्डे से गिरफ्तार अमेरिकी नागरिक मैथ्यू वैन डाइक के परिवार ने उनकी बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति और जेल की कठिन परिस्थितियों को लेकर भारत और अमेरिका से तत्काल हस्तक्षेप की अपील की है।

  • मैथ्यू वैन डाइक पर म्यांमार में सशस्त्र समूहों को ड्रोन युद्ध का प्रशिक्षण देने का आरोप है।
  • NIA ने उन्हें और 6 यूक्रेनियनों को UAPA की धारा 18 के तहत गिरफ्तार किया है।
  • परिवार का दावा है कि आरोपी भूख हड़ताल और गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहा है।
  • दिल्ली की अदालत ने निजी अस्पताल में इलाज की याचिका खारिज कर दी है।

नई दिल्ली: राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) द्वारा आतंकवाद के गंभीर आरोपों में गिरफ्तार अमेरिकी नागरिक मैथ्यू वैन डाइक के परिवार ने उनकी गिरती सेहत और तिहाड़ जेल की अमानवीय स्थितियों पर गहरी चिंता व्यक्त की है। वैन डाइक को 11 मार्च को कोलकाता हवाई अड्डे से हिरासत में लिया गया था, जिसके बाद उन्हें NIA ने गिरफ्तार कर लिया। परिवार ने अब अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर और विदेश सचिव विक्रम मिस्री से इस मामले में तत्काल राजनयिक हस्तक्षेप की मांग की है।

मामले की गंभीरता तब बढ़ गई जब वैन डाइक द्वारा स्थापित एनजीओ 'सन्स ऑफ लिबर्टी इंटरनेशनल' ने खुलासा किया कि आरोपी ने 6 मई से तरल पदार्थों पर आधारित भूख हड़ताल शुरू कर दी थी। हालांकि उन्होंने 18 जून को इसे समाप्त करने का प्रयास किया, लेकिन उनकी शारीरिक स्थिति अब अत्यंत नाजुक है। परिवार का आरोप है कि उन्हें निर्धारित दवाइयां नहीं दी जा रही हैं और वे केवल ओटमील (दलिया) पर निर्भर हैं।

Why This Matters

BozokMedia analysis shows that this case is not just a legal battle but a potential diplomatic flashpoint. The application of the Unlawful Activities (Prevention) Act (UAPA), which allows for prolonged detention without a chargesheet, puts immense pressure on foreign nationals. The intersection of national security concerns and humanitarian rights creates a complex deadlock between New Delhi and Washington.

"The denial of medical treatment in high-security wards often becomes a central point of contention in international human rights litigation."

कानूनी मोर्चे पर, वकील रोहित दंडरीयल और रोहित गौर ने दिल्ली अदालत में वैन डाइक को निजी अस्पताल में स्थानांतरित करने और उनके परिवार से संचार स्थापित करने की याचिका दायर की थी। हालांकि, 1 जून को अदालत ने यह कहते हुए आवेदन खारिज कर दिया कि इसमें विदेशी सरकार के साथ संचार शामिल है। रिपोर्टों के अनुसार, वैन डाइक इतने कमजोर हो चुके हैं कि वे खड़े होने में असमर्थ हैं और अदालत में व्हीलचेयर का उपयोग कर रहे हैं।

NIA का आरोप है कि वैन डाइक और छह यूक्रेनियन नागरिक पर्यटक वीजा पर भारत आए थे और बिना आवश्यक परमिट के मिजोरम के रास्ते म्यांमार में अवैध रूप से प्रवेश किया। जांच एजेंसी का दावा है कि वे वहां भारत विरोधी जातीय सशस्त्र समूहों को हथियारों और ड्रोन युद्ध के संचालन में प्रशिक्षित करने की योजना बना रहे थे।

ऐतिहासिक संदर्भ: भारत का UAPA कानून आतंकवाद विरोधी अभियानों के लिए अत्यंत सख्त माना जाता है। इसके तहत धारा 18 के अनुसार, आतंकवादी कृत्यों का प्रयास करने वालों को पांच साल से लेकर आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है। विदेशी नागरिकों के मामले में, यह अक्सर अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों के बीच चर्चा का विषय बनता है।

विवरण आरोप/स्थिति
मुख्य आरोपी मैथ्यू वैन डाइक (अमेरिकी नागरिक)
कानूनी धारा UAPA धारा 18
वर्तमान स्थान तिहाड़ जेल (उच्च सुरक्षा वार्ड)
मुख्य आरोप ड्रोन युद्ध प्रशिक्षण और अवैध सीमा पार करना
क्या आप जानते हैं?: UAPA कानून के तहत, कुछ विशेष परिस्थितियों में जांच एजेंसी को चार्जशीट दाखिल करने के लिए सामान्य समय सीमा से अधिक समय मिल सकता है, जिससे न्यायिक हिरासत लंबी हो जाती है।

Frequently Asked Questions

1. मैथ्यू वैन डाइक पर मुख्य आरोप क्या हैं?
उन पर आरोप है कि उन्होंने अवैध रूप से मिजोरम के रास्ते म्यांमार में प्रवेश किया ताकि वहां सशस्त्र समूहों को ड्रोन युद्ध और हथियारों के संचालन का प्रशिक्षण दे सकें।

2. उनके परिवार की मुख्य मांग क्या है?
परिवार उनकी गिरती सेहत के कारण निजी अस्पताल में इलाज और अमेरिकी सरकार के माध्यम से राजनयिक हस्तक्षेप की मांग कर रहा है।