क्रोमपेट के गजलक्ष्मी नगर में SRDF विवेकानंद विद्यालय के आसपास बदहाल सड़कों और ओवरफ्लो होते नालों ने छात्रों और अभिभावकों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय निवासी और स्कूल प्रशासन स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं।

  • क्रोमपेट के गजलक्ष्मी नगर में SRDF विवेकानंद विद्यालय के आसपास सड़क और जल निकासी की गंभीर समस्या।
  • गड्ढों भरी सड़कों के कारण छात्रों और साइकिल सवारों के गिरने का खतरा।
  • स्कूल के प्रवेश द्वार पर खुले नालों से प्रदूषित पानी का सड़कों पर बहना।
  • स्थानीय प्रशासन और नगर निगम की निष्क्रियता से आक्रोश।

चेन्नई के क्रोमपेट स्थित गजलक्ष्मी नगर में नागरिक बुनियादी ढांचे की बदहाली ने एक बड़े संकट को जन्म दे दिया है। विशेष रूप से SRDF विवेकानंद विद्यालय के आसपास का क्षेत्र, जहाँ 3,000 से अधिक छात्र शिक्षा प्राप्त करते हैं, वर्तमान में असुरक्षित स्थितियों से जूझ रहा है। सड़कों पर बने गहरे गड्ढे और नालों से बहता प्रदूषित पानी न केवल आवागमन में बाधा डाल रहा है, बल्कि बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए भी बड़ा खतरा बन गया है।

गजलक्ष्मी नगर की 'फर्स्ट मेन रोड' वर्तमान में चलने लायक नहीं बची है। गड्ढों और ऊबड़-खाबड़ सतह के कारण स्कूली छात्र, जो साइकिल से स्कूल आते हैं, अक्सर दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। कक्षा 12 के छात्र वी. रोहन मलोलन ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि सड़क की खराब स्थिति के कारण उनका पैर मुड़ गया था। इस मार्ग पर एमटीसी (MTC) बसें और भारी टिपर ट्रक भी चलते हैं, जिससे दुर्घटना की संभावना और बढ़ जाती है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि शैक्षणिक संस्थानों के आसपास बुनियादी ढांचे की विफलता केवल एक प्रशासनिक चूक नहीं है, बल्कि यह सीधे तौर पर बच्चों की सुरक्षा के अधिकार का उल्लंघन है। जब स्कूल ज़ोन में जल निकासी और सड़क सुरक्षा जैसे प्राथमिक मानक विफल होते हैं, तो यह शहरी नियोजन की व्यापक विफलता को दर्शाता है।

स्कूल के प्रवेश द्वार पर खुले नालों से बहता गंदा पानी महामारी और गंभीर दुर्घटनाओं को निमंत्रण दे रहा है।

समस्या केवल सड़कों तक सीमित नहीं है। महादेवन स्ट्रीट पर, जो स्कूल का मुख्य प्रवेश द्वार है, एक खुला वर्षा जल संचयन (RWH) चैनल प्रदूषित पानी से ओवरफ्लो हो रहा है। स्कूल के प्रशासनिक अधिकारी पार्थिवन के अनुसार, स्कूल ने कई बार नगर निगम को शिकायत भेजी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। स्कूल प्रशासन ने सुरक्षा के लिए अपने खर्च पर चैनल के ऊपर स्लैब लगाए हैं, लेकिन यह केवल एक अस्थायी समाधान है।

स्थानीय पार्षद सी. सरस्वती ने स्वीकार किया कि इस मुद्दे को अधिकारियों के संज्ञान में बार-बार लाया गया है। उन्होंने बताया कि हाल ही में एक नए आवासीय भवन के मलबे के कारण नाला अवरुद्ध हो गया, जिससे स्थिति और खराब हो गई। बिटुमेन (डामर) की बढ़ती कीमतों के कारण टेंडर रुके हुए हैं, और प्रशासन अब केवल 'कंक्रीट पैचवर्क' करने की योजना बना रहा है, जिसे स्थानीय निवासी एक और समस्या के रूप में देख रहे हैं।

Did You Know?: शहरी क्षेत्रों में स्कूल ज़ोन के पास उचित गति अवरोधक (Speed Breakers) और सुरक्षित फुटपाथ न होने से बच्चों में दुर्घटना की दर 40% तक बढ़ सकती है।

Frequently Asked Questions

1. क्रोमपेट में मुख्य समस्या क्या है?
मुख्य समस्या बदहाल सड़कें, गहरे गड्ढे और स्कूल के पास खुले नालों से बहता प्रदूषित पानी है।

2. स्थानीय प्रशासन का इस पर क्या रुख है?
प्रशासन का कहना है कि बिटुमेन की कीमतों के कारण निर्माण कार्य में देरी हो रही है और वे कंक्रीट पैचवर्क का विकल्प देख रहे हैं।