तिरुपति के विधायक अरणि श्रीनिवासुलु ने नागरिकों से गणेश चतुर्थी के दौरान प्लास्टर ऑफ पेरिस (PoP) के बजाय मिट्टी की इको-फ्रेंडली मूर्तियों का उपयोग करने की अपील की है। उन्होंने उत्सव के प्रबंधन और विसर्जन की नई गाइडलाइंस भी साझा कीं।
- विधायक अरणि श्रीनिवासुलु ने मिट्टी की मूर्तियों के उपयोग पर जोर दिया।
- श्रीवारी सलकटला ब्रह्मोत्सवम के कारण विसर्जन 16 सितंबर को करने का सुझाव।
- पंडालों के लिए सिंगल-विंडो क्लीयरेंस और मुफ्त बिजली का प्रस्ताव।
तिरुपति में आगामी गणेश चतुर्थी उत्सव को लेकर प्रशासन और जनप्रतिनिधियों ने कमर कस ली है। रविवार को स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में श्री वरा सिद्धि विनायक उत्सव समिति के कार्यालय का उद्घाटन करते हुए, तिरुपति विधायक अरणि श्रीनिवासुलु ने जनता से एक महत्वपूर्ण अपील की। उन्होंने आग्रह किया कि उत्सव के दौरान प्लास्टर ऑफ पेरिस (PoP) की मूर्तियों के बजाय केवल पर्यावरण के अनुकूल मिट्टी की मूर्तियों का ही उपयोग किया जाए।
विधायक ने आयोजन समितियों को विशेष रूप से सूचित किया कि इस वर्ष विसर्जन की प्रक्रिया 16 सितंबर को संपन्न की जाए। इसका मुख्य कारण 15 सितंबर से शुरू होने वाले प्रसिद्ध श्रीवारी सलकटला ब्रह्मोत्सवम का प्रबंधन सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि धार्मिक आयोजनों और मंदिर के महत्वपूर्ण उत्सवों के बीच सामंजस्य बनाए रखना आवश्यक है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि तिरुपति जैसे धार्मिक रूप से महत्वपूर्ण शहरों में, पर्यावरण संरक्षण और बड़े पैमाने पर होने वाले धार्मिक उत्सवों के बीच संतुलन बनाना एक बड़ी चुनौती है। पीओपी का उपयोग जल निकायों को प्रदूषित करता है, जबकि मिट्टी की मूर्तियां पारिस्थितिकी तंत्र के अनुकूल हैं।
पर्यावरण संरक्षण के लिए पारंपरिक मिट्टी की मूर्तियों की ओर लौटना न केवल धार्मिक बल्कि एक नैतिक जिम्मेदारी भी है।
समिति के संयोजक सामंची श्रीनिवास ने बताया कि पंडाल लगाने वालों के लिए अब प्रक्रिया को सरल बना दिया गया है। उन्होंने घोषणा की कि सिंगल-विंडो सिस्टम के माध्यम से अनुमति दी जाएगी। इसके अतिरिक्त, उत्सव के पंडालों को मुफ्त बिजली प्रदान करने का एक प्रस्ताव मुख्यमंत्री नारा चंद्रबाबू नायडू के समक्ष भेजा गया है, जिस पर जल्द ही सकारात्मक निर्णय की उम्मीद है।
सुरक्षा के दृष्टिकोण से, तिरुपति जिला एसपी एल. सुब्बारायडू ने भी नागरिकों से अपील की है कि वे पुलिस के दिशानिर्देशों का पालन करें और उत्सव को शांतिपूर्ण तरीके से मनाएं। प्रशासन 'विनयक सागर' में विसर्जन की व्यवस्थाओं को हैदराबाद की तर्ज पर भव्य और सुव्यवस्थित बनाने में जुटा है।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: विसर्जन की निर्धारित तिथि क्या है?
उत्तर: प्रशासन ने उत्सव के सुचारू प्रबंधन के लिए 16 सितंबर को विसर्जन करने का सुझाव दिया है।
प्रश्न 2: क्या पंडालों के लिए बिजली की सुविधा मिलेगी?
उत्तर: मुफ्त बिजली के लिए प्रस्ताव मुख्यमंत्री के पास विचाराधीन है और जल्द ही निर्णय अपेक्षित है।