तेलंगाना सरकार ने AYUSH हाउस सर्जन्स और पीजी छात्रों के स्टाइपेंड में उल्लेखनीय वृद्धि की है, जिससे अब उनकी आय एलोपैथिक डॉक्टरों के बराबर हो गई है। यह निर्णय 28 दिनों की लंबी हड़ताल के बाद लिया गया है।

  • AYUSH हाउस सर्जन्स का स्टाइपेंड ₹13,754 से बढ़कर ₹29,792 हुआ।
  • तीसरे वर्ष के पीजी छात्रों का स्टाइपेंड ₹34,385 से बढ़कर ₹74,482 हुआ।
  • अब AYUSH डॉक्टरों का वेतन एलोपैथिक जूनियर डॉक्टरों के समान होगा।

तेलंगाना सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए राज्य के AYUSH (आयुर्वेद, योग, यूनानी, सिद्ध और होम्योपैथी) हाउस सर्जन्स और स्नातकोत्तर (PG) डॉक्टरों के स्टाइपेंड में भारी वृद्धि करने का निर्णय लिया है। यह आदेश स्वास्थ्य सचिव क्रिस्टीना जेड चोंगथु द्वारा जारी किया गया है, जो AYUSH विभाग के निदेशक द्वारा प्रस्तुत प्रस्ताव पर आधारित है।

यह निर्णय विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि यह उस 28 दिवसीय हड़ताल के समापन के नौ दिन बाद आया है, जिसमें छात्रों ने वेतन विसंगतियों के खिलाफ आवाज उठाई थी। सरकार का उद्देश्य पारंपरिक चिकित्सा प्रणालियों के चिकित्सकों को आधुनिक चिकित्सा (एलोपैथी) के समकक्ष सम्मान और वित्तीय सुरक्षा प्रदान करना है।

BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, यह कदम केवल वित्तीय वृद्धि नहीं है, बल्कि यह स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में 'एकीकृत चिकित्सा' (Integrated Medicine) की दिशा में एक बड़ा वैचारिक बदलाव है। जब सरकार AYUSH डॉक्टरों को एलोपैथिक डॉक्टरों के बराबर वेतन देती है, तो यह संकेत देता है कि पारंपरिक चिकित्सा को अब मुख्यधारा की स्वास्थ्य प्रणाली में समान महत्व दिया जा रहा है।

"स्टाइपेंड का यह मानकीकरण न केवल डॉक्टरों के मनोबल को बढ़ाएगा, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में AYUSH सेवाओं की गुणवत्ता में भी सुधार करेगा।"

संशोधित संरचना के तहत, कुल 405 हाउस सर्जन्स लाभान्वित होंगे, जिनमें 126 आयुर्वेद, 125 होम्योपैथी, 94 यूनानी और 60 प्राकृतिक चिकित्सा के छात्र शामिल हैं। इसके अलावा, पीजी छात्रों के लिए भी वेतन में भारी उछाल देखा गया है।

श्रेणी पुराना स्टाइपेंड (₹) नया स्टाइपेंड (₹)
हाउस सर्जन 13,754 29,792
प्रथम वर्ष PG 30,947 67,032
द्वितीय वर्ष PG 32,665 70,757
तृतीय वर्ष PG 34,385 74,482

यह वृद्धि 393 पीजी छात्रों को प्रभावित करेगी, जिनमें प्रत्येक वर्ष (प्रथम, द्वितीय और तृतीय) के 131 छात्र शामिल हैं। यह कदम राज्य में चिकित्सा शिक्षा के प्रति युवाओं को आकर्षित करने में मदद करेगा।

क्या आप जानते हैं?: AYUSH का अर्थ है Ayurveda, Yoga & Naturopathy, Unani, Siddha and Homoeopathy, जो भारत की पारंपरिक चिकित्सा प्रणालियों का प्रतिनिधित्व करता है।

1. यह वृद्धि किन छात्रों के लिए लागू है?
यह वृद्धि तेलंगाना राज्य के सभी मान्यता प्राप्त AYUSH हाउस सर्जन्स और पीजी छात्रों के लिए लागू है।

2. इस निर्णय का मुख्य कारण क्या था?
AYUSH डॉक्टरों ने एलोपैथिक डॉक्टरों के साथ वेतन समानता की मांग को लेकर 28 दिनों तक हड़ताल की थी।