तेलंगाना के महबूबनगर जिले में बकरियां चराने गए एक व्यक्ति के दो दिनों तक लापता रहने के बाद पुलिस ने ड्रोन तकनीक का उपयोग कर उसे सुरक्षित बचा लिया।
- महबूबनगर के कोइलाकोंडा मंडल के आचार्यपुर गांव का निवासी जाजली कृष्णय्या जंगल में लापता हो गया था।
- बकरियां घर वापस आ गईं, लेकिन चरवाहा जंगल के घने इलाके में रास्ता भटक गया।
- पुलिस ने एसपी जानकी के निर्देश पर ड्रोन तकनीक का उपयोग कर व्यक्ति का पता लगाया।
तेलंगाना के महबूबनगर जिले के कोइलाकोंडा मंडल के आचार्यपुर गांव में एक चमत्कारिक बचाव अभियान देखने को मिला। जाजली कृष्णय्या नामक एक स्थानीय निवासी, जो पेशे से चरवाहा है, 8 सितंबर को अपनी बकरियों को चराने के लिए वीरगट्टु के पीछे स्थित घने वन क्षेत्र में गया था। घटना तब गंभीर हो गई जब शाम को बकरियां तो अपने आप घर लौट आईं, लेकिन कृष्णय्या लापता रहे।
परिजनों ने शुरू में ग्रामीणों के साथ मिलकर जंगल में गहन खोजबीन की, लेकिन घने जंगलों के कारण उनका कोई सुराग नहीं मिला। अगले दिन, 9 सितंबर को कृष्णय्या की मां, जाजली मंगम्मा ने कोइलाकोंडा पुलिस स्टेशन में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows that the integration of modern surveillance technology like drones in rural policing is drastically reducing response times and increasing the success rate of search-and-rescue operations in difficult terrains. This incident highlights the shift from traditional manual searching to tech-driven rescue missions in Telangana.
"The use of aerial drones in dense forest terrains eliminates the risk for ground teams and provides a bird's-eye view that is critical for locating missing persons quickly."
एसपी जानकी के कड़े निर्देशों के बाद, अतिरिक्त पुलिस बल को तैनात किया गया। गुरुवार को एक अत्याधुनिक ड्रोन को जंगल के विभिन्न हिस्सों में उड़ाया गया। अंततः, ड्रोन ने सिंगनकोंडा क्षेत्र के पास एक व्यक्ति को देखा, जो बाद में कृष्णय्या के रूप में पहचाना गया।
बचाए गए कृष्णय्या ने बताया कि वह रास्ता भटक गए थे और पिछले दो दिनों से जंगल में प्राकृतिक जल स्रोतों का पानी पीकर जीवित रहे। पुलिस की टीम ने उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला और उनके परिवार को सौंप दिया, जिससे पूरे गांव में खुशी की लहर दौड़ गई।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: चरवाहा कितने समय तक जंगल में लापता था?
उत्तर: जाजली कृष्णय्या लगभग दो दिनों तक जंगल के घने इलाके में फंसे रहे।
प्रश्न 2: पुलिस ने उन्हें खोजने के लिए किस तकनीक का उपयोग किया?
उत्तर: पुलिस ने एसपी जानकी के निर्देशानुसार ड्रोन तकनीक का उपयोग किया, जिससे उनकी सटीक लोकेशन का पता चला।