अम्बेडकर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति हनुमंतु लाजपथीराय ने विजयाग्रामम में वी डेंटल केयर और 'विजयाग्रामम रीड्स' के सहयोग से एक नई लाइब्रेरी का उद्घाटन किया। इस पहल का उद्देश्य मरीजों और उनके परिजनों में पढ़ने की आदत को बढ़ावा देना है।

  • अम्बेडकर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति हनुमंतु लाजपथीराय ने लाइब्रेरी का उद्घाटन किया।
  • यह पहल वी डेंटल केयर और 'विजयाग्रामम रीड्स' के संयुक्त प्रयासों का परिणाम है।
  • मरीजों और उनके परिजनों के लिए पढ़ने की सामग्री उपलब्ध कराई गई है।
  • बच्चों के लिए विशेष पुस्तकों पर ध्यान केंद्रित किया गया है।

विजयाग्रामम: शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा के संगम का एक अनूठा उदाहरण पेश करते हुए, अम्बेडकर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति हनुमंतु लाजपथीराय ने रविवार को वी डेंटल केयर परिसर में एक नई लाइब्रेरी का औपचारिक उद्घाटन किया। यह पुस्तकालय वी डेंटल केयर और पढ़ने की संस्कृति को बढ़ावा देने वाले संगठन 'विजयाग्रामम रीड्स' के एक संयुक्त उपक्रम के रूप में स्थापित किया गया है।

उद्घाटन समारोह के दौरान संबोधित करते हुए, लाजपथीराय ने एक महत्वपूर्ण सामाजिक दृष्टिकोण साझा किया। उन्होंने कहा कि अस्पतालों को केवल उपचार तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि मरीजों में पढ़ने की आदत विकसित करने के लिए प्रतीक्षा कक्षों (Waiting Rooms) में पर्याप्त पठन सामग्री भी उपलब्ध करानी चाहिए। उनके अनुसार, यह प्रतीक्षा समय को उत्पादक और ज्ञानवर्धक बनाने का एक शानदार तरीका है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण के अनुसार, स्वास्थ्य केंद्रों में इस तरह की पहल मानसिक स्वास्थ्य और रोगी अनुभव (Patient Experience) में सुधार करती है। जब मरीज या उनके परिजन खाली समय में कुछ सार्थक पढ़ते हैं, तो यह उनके तनाव को कम करने में मदद करता है। यह मॉडल अन्य चिकित्सा संस्थानों के लिए एक मिसाल पेश करता है कि कैसे सामुदायिक जुड़ाव के माध्यम से सामाजिक कल्याण को बढ़ावा दिया जा सकता है।

अस्पतालों को मरीजों के लिए केवल उपचार ही नहीं, बल्कि मानसिक शांति और ज्ञान का स्रोत भी बनना चाहिए।

वी डेंटल केयर के निदेशक के.एम.के. रमेश ने बताया कि इस लाइब्रेरी की योजना बहुत सोच-समझकर बनाई गई है। उन्होंने विशेष रूप से उल्लेख किया कि बच्चों की किताबों को प्राथमिकता दी गई है। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जो माता-पिता अपने बच्चों के साथ आते हैं, वे भी बच्चों के साथ बैठकर पढ़ने की आदत विकसित कर सकें।

इस अवसर पर 'विजयाग्रामम रीड्स' के संस्थापक आर. ईश्वर, रोटरी क्लब सेंट्रल के निदेशक कल्याण विश्वनाथ और शहर के कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। यह पहल स्थानीय स्तर पर साक्षरता और सामुदायिक स्वास्थ्य के बीच एक सेतु का कार्य करेगी।

Did You Know?: शोध बताते हैं कि पढ़ना तनाव के स्तर को कम करने में संगीत सुनने या पैदल चलने जितना ही प्रभावी हो सकता है।

Frequently Asked Questions

प्रश्न 1: यह लाइब्रेरी किसके सहयोग से बनाई गई है?
उत्तर: यह वी डेंटल केयर और 'विजयाग्रामम रीड्स' के संयुक्त सहयोग से बनाई गई है।

प्रश्न 2: इस लाइब्रेरी का मुख्य उद्देश्य क्या है?
उत्तर: इसका उद्देश्य अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके परिजनों में पढ़ने की आदत को प्रोत्साहित करना है।