पूर्व वित्त मंत्री टी.एम. थॉमस आइसाक ने कल्याणकारी पेंशन को पूरी तरह से प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) मोड में स्थानांतरित करने के निर्णय का विरोध किया है। उन्होंने तर्क दिया कि कई पेंशनभोगी घर पर पेंशन प्राप्त करने (DTH) का विकल्प चाहते थे।

मुख्य बातें

  • पूर्व वित्त मंत्री थॉमस आइसाक ने UDF सरकार के DBT निर्णय का विरोध किया।
  • लगभग 23 लाख पेंशनभोगी घर पर पेंशन वितरण (DTH) का विकल्प चाहते थे।
  • आइसाक ने केंद्र की वित्तीय सहायता खोने के सरकारी तर्क को 'निराधार' बताया।

केरल के पूर्व वित्त मंत्री टी.एम. थॉमस आइसाक ने शनिवार को यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) सरकार के उस निर्णय की तत्काल वापसी की मांग की, जिसके तहत कल्याणकारी पेंशन वितरण को पूरी तरह से प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) मोड में स्थानांतरित करने का निर्णय लिया गया है।

एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए, डॉ. आइसाक ने स्पष्ट किया कि 'डायरेक्ट-टू-होम' (DTH) वितरण का विकल्प इसलिए चुना गया था क्योंकि बड़ी संख्या में पेंशनभोगी इसे पसंद कर रहे थे। उन्होंने बताया कि लगभग 23 लाख लाभार्थियों ने सहकारी क्षेत्र के संस्थानों के माध्यम से अपने घरों पर मासिक पेंशन प्राप्त करने के लिए DTH मोड का विकल्प चुना था।

यह क्यों महत्वपूर्ण है

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि पेंशन वितरण के तरीके में बदलाव केवल प्रशासनिक नहीं, बल्कि सामाजिक प्रभाव वाला मुद्दा है। यदि बुजुर्ग और दिव्यांग नागरिक अपनी सुविधा के अनुसार पेंशन प्राप्त करने के अधिकार से वंचित होते हैं, तो यह उनकी जीवनशैली और वित्तीय स्वायत्तता को प्रभावित कर सकता है।

'सरकार लाभार्थियों से परामर्श किए बिना उनकी पसंद के वितरण माध्यम को छीन नहीं सकती।'

डॉ. आइसाक ने राज्य सरकार के उस तर्क को खारिज कर दिया जिसमें कहा गया था कि DBT लागू न करने से केरल को केंद्र से वित्तीय सहायता का नुकसान हो सकता है। उन्होंने इस दावे को 'निराधार' बताते हुए सरकार से केंद्रीय आदेश को सार्वजनिक करने की मांग की।

ऐतिहासिक पृष्ठभूमि

पूर्ववर्ती वामपंथी लोकतांत्रिक मोर्चा (LDF) सरकार ने एक हाइब्रिड मॉडल अपना रखा था। जहाँ केंद्र सरकार के हिस्से के लिए 8 लाख लाभार्थियों हेतु DBT अनिवार्य था, वहीं अन्य लाभार्थियों के लिए उनकी पसंद के आधार पर बैंक खाते या घर पर वितरण (DTH) की सुविधा उपलब्ध थी।

क्या आप जानते हैं?: केरल में सहकारी समितियाँ पेंशन वितरण के लिए एक मजबूत नेटवर्क प्रदान करती हैं, जो ग्रामीण क्षेत्रों में अत्यंत प्रभावी है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. थॉमस आइसाक का मुख्य विरोध क्या है?
उनका विरोध पेंशन वितरण को केवल DBT तक सीमित करने और लाभार्थियों की पसंद (DTH) को नजरअंदाज करने के खिलाफ है।

2. DTH मोड क्या है?
DTH का अर्थ है 'डायरेक्ट-टू-होम', जहाँ पेंशन सहकारी संस्थाओं के माध्यम से सीधे लाभार्थी के घर तक पहुंचाई जाती है।