आंध्र प्रदेश शिक्षक संघ (APTF) ने 12वें वेतन आयोग और लंबित भत्तों को लेकर सरकार के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी है। संघ ने वित्तीय और सेवा संबंधी मुद्दों के तत्काल समाधान की मांग की है।
- 12वें वेतन संशोधन आयोग (PRC) के गठन की मांग।
- 30% अंतरिम राहत और लंबित महंगाई भत्ते (DA) का भुगतान।
- सेवा संबंधी मुद्दों और पदोन्नति में देरी का विरोध।
आंध्र प्रदेश शिक्षक संघ (APTF) के राज्य अध्यक्ष जी. हृदय राजू ने रविवार को गठबंधन सरकार को सख्त चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि यदि शिक्षकों, कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की वित्तीय और सेवा संबंधी मांगों को तुरंत पूरा नहीं किया गया, तो संघ एक बड़े आंदोलन के लिए मजबूर होगा।
प्रमुख मांगें और वित्तीय संकट
कुर्नूल जिला कार्यकारी समिति की बैठक को संबोधित करते हुए, श्री राजू ने कहा कि सरकार को सत्ता में आए दो वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन लंबे समय से लंबित मांगों का समाधान नहीं हुआ है। संघ की मुख्य मांगों में 12वें वेतन संशोधन आयोग (12th PRC) का तत्काल गठन और 30% अंतरिम राहत की मंजूरी शामिल है।
इसके अतिरिक्त, उन्होंने लंबित महंगाई भत्ते (DA), 11वें PRC के तहत बकाया राशि, और 2022 से लंबित अर्जित अवकाश (EL) नकदीकरण के भुगतान की मांग की है। उन्होंने विशेष रूप से CPS कर्मचारियों के लिए DA बकाया का नकद भुगतान करने की मांग उठाई है।
BozokMedia विश्लेषण: क्यों महत्वपूर्ण है यह विवाद?
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह विवाद केवल वेतन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह राज्य की प्रशासनिक स्थिरता को भी प्रभावित कर सकता है। यदि शिक्षकों का एक बड़ा वर्ग विरोध प्रदर्शन में उतरता है, तो राज्य की शिक्षा व्यवस्था और आगामी शैक्षणिक सत्र पर गहरा प्रभाव पड़ सकता है।
शिक्षकों की मांगों की अनदेखी करना राज्य की शैक्षिक नींव और प्रशासनिक शांति के लिए जोखिम भरा हो सकता है।
सेवा संबंधी विवाद और प्रशासनिक मुद्दे
जिला नेताओं एस. इस्माइल और पुजारी लक्ष्माiah ने अन्य महत्वपूर्ण मांगें भी रखीं। उन्होंने मांग की कि इन-सर्विस शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) की अनिवार्यता को समाप्त किया जाए और वर्तमान परीक्षाओं में पास प्रतिशत को 40% पर स्थिर किया जाए।
शिक्षकों ने वेतन को iGOT Karmayogi ऐप से जोड़ने का विरोध किया है और गैर-शिक्षण कार्यों से मुक्ति की मांग की है। साथ ही, स्कूल सहायकों और प्रधानाध्यापकों की लंबित पदोन्नति को राष्ट्रपति के आदेशों के लागू होने से पहले पूरा करने पर जोर दिया गया है।
Frequently Asked Questions
1. APTF की मुख्य मांग क्या है?
APTF मुख्य रूप से 12वें वेतन आयोग के गठन, 30% अंतरिम राहत और लंबित महंगाई भत्ते (DA) की मांग कर रहा है।
2. आंदोलन का क्या परिणाम हो सकता है?
यदि सरकार मांगों को नहीं मानती है, तो शिक्षक राज्यव्यापी विरोध प्रदर्शन और हड़ताल कर सकते हैं।