मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने घोषणा की है कि तमिलनाडु सरकार परंदूर हवाई अड्डा परियोजना को छोड़ देगी और नए हवाई अड्डे के लिए वैकल्पिक स्थानों की तलाश करेगी। इसके बजाय, चेन्नई हवाई अड्डे के विस्तार पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
- परंदूर हवाई अड्डा परियोजना को आधिकारिक तौर पर रद्द कर दिया गया है।
- चेन्नई हवाई अड्डे के विस्तार के लिए 'टर्मिनल 5' विकसित किया जाएगा।
- सरकार किसानों और बस्तियों को बचाने के लिए वैकल्पिक स्थलों की तलाश कर रही है।
- एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) के साथ मिलकर काम किया जाएगा।
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने सोमवार को विधानसभा में एक ऐतिहासिक घोषणा करते हुए कहा कि उनकी सरकार प्रस्तावित परंदूर हवाई अड्डा परियोजना को पूरी तरह से छोड़ देगी। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार अब चेन्नई के लिए एक नए हवाई अड्डे हेतु वैकल्पिक स्थानों की पहचान करने पर ध्यान केंद्रित करेगी, ताकि कृषि भूमि और मानव बस्तियों को कम से कम नुकसान हो।
मुख्यमंत्री ने विधानसभा में 'सुओ मोटो' बयान देते हुए कहा कि परंदूर में हवाई अड्डा बनाने का निर्णय किसानों और स्थानीय निवासियों के हितों के विरुद्ध था। उन्होंने याद दिलाया कि 2025 में परंदूर का दौरा करने के दौरान उन्होंने किसानों के प्रति एकजुटता व्यक्त की थी। सरकार का नया लक्ष्य चेन्नई हवाई अड्डे के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में टर्मिनल 5 का निर्माण करना है, जिसे एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) के सहयोग से बनाया जाएगा।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि यह निर्णय तमिलनाडु की राजनीति और बुनियादी ढांचे के विकास में एक बड़ा मोड़ है। परंदूर परियोजना को लेकर लंबे समय से किसान विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। मुख्यमंत्री का यह कदम न केवल कृषि भूमि के संरक्षण का संकेत देता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि सरकार औद्योगिक विकास और सामाजिक स्थिरता के बीच संतुलन बनाने की कोशिश कर रही है।
परंदूर का निर्णय किसानों के प्रति सरकार की संवेदनशीलता और विकास के नए मॉडल की ओर एक बड़ा कदम है।
वर्तमान में, चेन्नई हवाई अड्डा प्रति वर्ष 30 मिलियन यात्रियों को संभाल रहा है। टर्मिनल 3 के पूरा होने के बाद यह क्षमता 35 मिलियन हो जाएगी, और टर्मिनल 5 के निर्माण के बाद यह क्षमता सालाना 55 मिलियन और बढ़ जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि नए हवाई अड्डे के निर्माण तक यह विस्तार यात्रियों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करेगा।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
परंदूर हवाई अड्डा परियोजना पिछले कुछ वर्षों से विवादों के केंद्र में रही है। विपक्षी दलों और किसान संगठनों का तर्क था कि इस परियोजना से हजारों एकड़ उपजाऊ भूमि और ग्रामीण बस्तियां नष्ट हो जाएंगी। मुख्यमंत्री विजय ने पूर्ववर्ती सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि उन्होंने किसानों की कीमत पर विकास का प्रयास किया था।
Frequently Asked Questions
1. क्या परंदूर हवाई अड्डा परियोजना पूरी तरह समाप्त हो गई है?
हाँ, मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि सरकार इस परियोजना को छोड़ रही है और वैकल्पिक स्थलों की तलाश कर रही है।
2. चेन्नई हवाई अड्डे में नया क्या होगा?
चेन्नई हवाई अड्डे के उत्तर-पश्चिमी हिस्से में एक नया 'टर्मिनल 5' विकसित किया जाएगा।