नई जीवनी के माध्यम से रॉय कोहन और डोनाल्ड ट्रंप के बीच के गहरे और विवादित संबंधों का खुलासा किया गया है। यह लेख बताता है कि कैसे कोहन की 'कभी हार न मानने' की रणनीति ने अमेरिकी राजनीति को बदल दिया।
- रॉय कोहन ने डोनाल्ड ट्रंप को कानून को एक उपकरण के रूप में इस्तेमाल करना सिखाया।
- कोहन और ट्रंप दोनों में सामाजिक मानदंडों के प्रति गहरा तिरस्कार था।
- कोहन की 'हमलावर' कानूनी रणनीति आज भी ट्रंप की पहचान है।
डोनाल्ड ट्रंप की राजनीतिक शैली को समझने के लिए उनके सबसे प्रभावशाली गुरु, रॉय कोहन के इतिहास को समझना अनिवार्य है। हालिया जीवनी 'अमेरिकन स्कैंडल' में लेखक काई बर्ड और सुसान गोल्डमार्क ने खुलासा किया है कि ट्रंप की आक्रामक और कभी न झुकने वाली कार्यशैली सीधे तौर पर कोहन की विरासत से प्रेरित है। कोहन, जो 1950 के दशक में जोसेफ मैकार्थी के मुख्य वकील थे, न्यूयॉर्क के रईसों और माफिया के बीच एक 'फिक्सर' के रूप में जाने जाते थे।
ट्रंप और कोहन का संबंध 1973 में शुरू हुआ, जब कोहन ने ट्रंप को नस्लीय भेदभाव के आरोपों के खिलाफ जवाबी मुकदमा करने की सलाह दी थी। भले ही वह मुकदमा विफल रहा, लेकिन इसने ट्रंप को एक महत्वपूर्ण सबक सिखाया: कानून नियमों का पालन करने के लिए नहीं, बल्कि अपनी बात मनवाने का एक जरिया है।
Why This Matters
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि कोहन द्वारा विकसित 'हमलावर रक्षा' (counter-attack) की रणनीति ने आधुनिक अमेरिकी राजनीति के स्वरूप को बदल दिया है। यह केवल कानूनी रणनीति नहीं थी, बल्कि एक मनोवैज्ञानिक युद्ध था जिसने सत्ता के समीकरणों को हमेशा के लिए बदल दिया।
कोहन ने ट्रंप को सिखाया: कभी समझौता मत करो, कभी आत्मसमर्पण मत करो और चाहे कुछ भी हो जाए, जीत का दावा करो।
कोहन का जीवन विरोधाभासों से भरा था। एक ओर वे कम्युनिस्ट विरोधी अभियान के नायक थे, तो दूसरी ओर उन्होंने जूलियस और एथेल रोसेनबर्ग जैसे मामलों में अत्यधिक क्रूरता दिखाई। उनके जीवन का सबसे काला अध्याय वह था जब उन्होंने परमाणु रहस्यों के मामले में रोसेनबर्ग दंपति को मृत्युदंड दिलाने के लिए दबाव डाला, जिससे दो बच्चे अनाथ हो गए।
लेखक का तर्क है कि कोहन और ट्रंप दोनों ही न्यूयॉर्क के उस अभिजात वर्ग के प्रति नफरत रखते थे, जिसने उन्हें कभी पूरी तरह से स्वीकार नहीं किया। कोहन का उदय न्यूयॉर्क के बाहरी इलाकों से हुआ और उन्होंने अपनी महत्वाकांक्षाओं को पूरा करने के लिए नैतिकता को ताक पर रख दिया।
Frequently Asked Questions
1. रॉय कोहन और डोनाल्ड ट्रंप के बीच क्या संबंध था?
कोहन ट्रंप के कानूनी सलाहकार और मेंटर थे, जिन्होंने उन्हें आक्रामक कानूनी और राजनीतिक रणनीतियां सिखाईं।
2. रॉय कोहन को किस बात के लिए जाना जाता था?
उन्हें जोसेफ मैकार्थी के वकील और न्यूयॉर्क के शक्तिशाली लोगों के 'फिक्सर' के रूप में जाना जाता था।