हैदराबाद स्थित बायोफोर इंडिया फार्मास्युटिकल्स के शीर्ष अधिकारियों ने तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (TTD) की श्री बालाजी आरोग्य वरप्रसादिनी योजना में ₹2 करोड़ का दान दिया है। इसके साथ ही देश भर के कई अन्य कॉर्पोरेट और व्यक्तिगत दाताओं ने भी मंदिर के स्वास्थ्य और अन्नप्रसादम ट्रस्टों में भारी योगदान दिया है।

मुख्य बिंदु (Key Takeaways)

  • बायोफोर इंडिया फार्मास्युटिकल्स के शीर्ष अधिकारियों ने TTD की स्वास्थ्य योजना के लिए ₹2 करोड़ का दान दिया।
  • श्री वेंकटेश्वर अन्नप्रसादम ट्रस्ट को विभिन्न कॉर्पोरेट और व्यक्तिगत दाताओं से ₹60.61 लाख से अधिक का योगदान मिला।
  • गुंटूर, बेंगलुरु और विशाखापत्तनम के दाताओं ने भी चिकित्सा और अन्नदान ट्रस्टों को महत्वपूर्ण वित्तीय सहायता प्रदान की।

हैदराबाद स्थित प्रतिष्ठित फार्मास्युटिकल कंपनी बायोफोर इंडिया फार्मास्युटिकल्स प्राइवेट लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) जगदीश और मुख्य रणनीति अधिकारी (CSO) मणिक रेड्डी पुल्लागुर्ला ने तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (TTD) की कल्याणकारी योजनाओं के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाते हुए ₹2 करोड़ का उदार दान दिया है। दोनों अधिकारियों ने व्यक्तिगत रूप से ₹1-1 करोड़ का योगदान दिया। उन्होंने इस योगदान के डिमांड ड्राफ्ट तिरुमला में TTD के अध्यक्ष बी.आर. नायडू को उनके कैंप कार्यालय में सौंपे। इस गरिमामयी अवसर पर TTD बोर्ड के सदस्य ए. रंगश्री भी उपस्थित थे।

स्वास्थ्य और चिकित्सा सेवाओं को मिलेगा बल

यह दान विशेष रूप से TTD की 'श्री बालाजी आरोग्य वरप्रसादिनी योजना' (Sri Balaji Arogya Varaprasadini Scheme) के लिए दिया गया है। यह योजना तिरुमला और तिरुपति में आने वाले तीर्थयात्रियों और स्थानीय जरूरतमंद लोगों को उच्च स्तरीय और सस्ती चिकित्सा सुविधाएं प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। TTD द्वारा संचालित सुपर-स्पेशियलिटी अस्पतालों, जैसे कि श्री वेंकटेश्वर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (SVIMS) और बर्ड (BIRRD) अस्पताल, में इस फंड का उपयोग अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरणों की खरीद, अनुसंधान और गरीब मरीजों के मुफ्त इलाज के लिए किया जाता है।

अन्नप्रसादम और अन्य ट्रस्टों को भी मिला भारी सहयोग

तिरुमला में दान की यह अविरल धारा केवल स्वास्थ्य क्षेत्र तक ही सीमित नहीं रही। 'श्री वेंकटेश्वर अन्नप्रसादम ट्रस्ट' को भी विभिन्न दाताओं से कुल ₹60.61 लाख का दान प्राप्त हुआ। विशाखापत्तनम की SSNR प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड ने ₹10.50 लाख का योगदान दिया। इसके अलावा, हैदराबाद की प्रमुख कंपनियों जैसे वंता इन्फ्राकॉन प्राइवेट लिमिटेड, वर्टेक्स काउंटी एलएलपी, साई लीला इलेक्ट्रिकल प्रोजेक्ट्स और व्यक्तिगत दाता विश्व सी.वी. चेरुकुरी ने ₹10-10 लाख का दान दिया। अमरावती के थुल्लूर निवासी जोन्नालगड्डा किरण कुमार ने भी ₹10,11,116 का योगदान दिया।

देशभर से उमड़ रहा है दाताओं का सैलाब

इसके अतिरिक्त, गुंटूर के बृंदा न्यूरो सेंटर ने श्री वेंकटेश्वर अन्नप्रसादम ट्रस्ट, श्री वेंकटेश्वर प्राणदान ट्रस्ट और एसवी बर्ड ट्रस्ट को ₹10,00,116-₹10,00,116 का त्रिकोणीय दान दिया। बेंगलुरु के श्रीपति श्रीनिवास और कोटारू सुनील ने भी अन्नप्रसादम ट्रस्ट को ₹10,00,116 सौंपे। विशाखापत्तनम के चागर्लमूडी सीतारामैया ने एसवी बर्ड ट्रस्ट को ₹10,00,116 की सहायता राशि प्रदान की। इन सभी दानकर्ताओं के डिमांड ड्राफ्ट को TTD बोर्ड के सदस्यों की उपस्थिति में कार्यकारी अधिकारी मुड्डाडा रविचंद्र को सौंपा गया।

धार्मिक संस्थानों के माध्यम से सामाजिक कल्याण का मॉडल

भारत में तिरुमला तिरुपति देवस्थानम जैसी संस्थाएं केवल आध्यात्मिक केंद्र नहीं हैं, बल्कि वे देश के सबसे बड़े सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा तंत्रों में से एक के रूप में कार्य करती हैं। कॉर्पोरेट दिग्गजों और व्यक्तिगत दाताओं द्वारा किया जाने वाला यह भारी निवेश यह दर्शाता है कि आधुनिक व्यावसायिक नेतृत्व सामाजिक कल्याण (CSR) के लिए स्थापित और विश्वसनीय धार्मिक मंचों पर गहरा भरोसा करता है। यह मॉडल न केवल स्वास्थ्य और पोषण के क्षेत्र में बड़े बदलाव ला रहा है, बल्कि सार्वजनिक-निजी भागीदारी का एक अनूठा उदाहरण भी पेश कर रहा है।