लियोनेल मेसी ने इंग्लैंड के खिलाफ सेमी‑फ़ाइनल में दो निर्णायक असिस्ट करके गोल्डन बूट दौड़ में अग्रिम ले ली है। दोनों खिलाड़ियों के 8‑8 गोल हैं, पर असिस्ट में अंतर से मेसी आगे है।

मुख्य बिंदु (Key Takeaways)

  • Messi ने इंग्लैंड के खिलाफ दो असिस्ट करके गोल्डन बूट में अग्रिम हासिल की।
  • Messi और Mbappe दोनों के 8 गोल, लेकिन असिस्ट में अंतर से Messi आगे।
  • अर्जेंटीना फाइनल में स्पेन के खिलाफ मुकाबला करेगा, जबकि फ्रांस इंग्लैंड से तीसरे स्थान के लिए खेलेगा।

अर्जेंटीना और इंग्लैंड के बीच 2-1 सेमी‑फ़ाइनल में लियोनेल मेसी ने दो चमकदार असिस्ट देकर विश्व कप गोल्डन बूट प्रतियोगिता में अग्रिम हासिल की। एंजो फर्नांडीज़ और लाउटारो मार्टिनेज को क्रमशः 85वें और 92वें मिनट में गोल करने में मदद करने से मेसी की कुल असिस्ट संख्या चार तक पहुंच गई, जबकि फ्रांस के किलियन एम्बापे की दो ही असिस्ट हैं।

पृष्ठभूमि और आँकड़े

इस टूर्नामेंट में 39‑वर्षीय मेसी ने सभी चार नॉक‑आउट मैचों में पूर्ण 90 मिनट खेले हैं, जिससे वह अपनी ऊर्जा को सही क्षणों में बरकरार रखने की कला में माहिर साबित होते हैं। पहले चरण में उन्होंने केप वर्दे और मिस्र के खिलाफ महत्वपूर्ण गोल किए, और क्वार्टर‑फ़ाइनल में स्विट्ज़रलैंड के विरुद्ध अतिरिक्त समय में असिस्ट दिया। अब उनकी कुल गोल्डन बूट आँकड़े 8 गोल और 4 असिस्ट हैं, जो 2026 विश्व कप इतिहास में सबसे अधिक असिस्ट में से एक है।

प्रतिद्वंद्वियों की स्थिति

एम्बापे के साथ गोल संख्या समान है, पर असिस्ट में अंतर के कारण मेसी आगे है। दोनों खिलाड़ियों के आगे एक‑एक मैच बचा है: फ्रांस तीसरे स्थान के लिए इंग्लैंड का सामना करेगा, जबकि अर्जेंटीना फाइनल में स्पेन के खिलाफ लड़ाई करेगा। इंग्लैंड के हैरी केन और जूड बेलिंगहैम ने क्रमशः 6 गोल किए हैं, और नॉर्वे के एरलिंग हाॅलैंड के 7 गोल हैं, पर उनके टीम की क्वार्टर‑फ़ाइनल में बाहर हो जाने के कारण वह अपनी सांख्यिकी नहीं बढ़ा पाएंगे।

भविष्य की संभावनाएँ

यदि अर्जेंटीना फाइनल जीतता है, तो मेसी का गोल्डन बूट जीतना लगभग सुनिश्चित होगा, क्योंकि उनका प्रतिस्पर्धी एम्बापे को फाइनल में नहीं पहुंचना पड़ेगा। साथ ही, मेसी की असिस्ट क्षमता दर्शाती है कि उनका खेल केवल गोल करने तक सीमित नहीं, बल्कि वह टीम के लिए अवसर पैदा करने में भी अग्रणी हैं। यह मिश्रित भूमिका उनके करियर को और अधिक बहुमुखी बनाती है, जो युवा खिलाड़ियों के लिए एक नया मानक स्थापित करती है।