पुणे नगर निगम ने 2027 में आयोजित होने वाले पुणे ग्रैंड टूर के लिए 135.8 किमी की सड़कों को विश्वस्तरीय मानकों पर पुनः विकसित करने के लिए 167.25 करोड़ रुपये की योजना बनाई है। इस परियोजना में 83.66 किमी नई सड़कों का निर्माण और मौजूदा 52.09 किमी की उन्नतियों को शामिल किया जाएगा।

मुख्य बिंदु (Key Takeaways)

  • पीएमसी 167.25 करोड़ में 135.8 किमी सड़कों का पुनर्विकास करेगा
  • 2027 में आयोजित होगा दूसरा पुणे ग्रैंड टूर, 26‑31 जनवरी
  • कार्य चार पैकेज में विभाजित, अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप

पुणे नगर निगम (पीएमसी) ने 2027 में आयोजित होने वाले अंतरराष्ट्रीय साइकिल रेस – पुणे ग्रैंड टूर – के लिए विस्तृत बुनियादी ढाँचा तैयार करने का फैसला किया है। यह दौड़ जनवरी 26 से 31 तक आयोजित होगी और कुल 135.8 किलोमीटर की दूरी को कवर करेगी। इस रेस में 83.66 किमी नई सड़कों का निर्माण और 52.09 किमी पहले के ग्रैंड टूर के लिए तैयार किए गए मार्ग का आधुनिकीकरण शामिल है।

परियोजना का आर्थिक एवं सामाजिक महत्व

कुल अनुमानित खर्च 167.25 करोड़ रुपये है, जो चार अलग‑अलग पैकेज में बाँटा गया है ताकि कार्य की गुणवत्ता और समय‑सीमा दोनों सुनिश्चित हो सके। इस निवेश का उद्देश्य न केवल रेस को विश्व‑स्तरीय मानकों पर ले जाना है, बल्कि पुणे के शहरी बुनियादी ढाँचे को दीर्घकालिक रूप से सुधारना भी है। बेहतर सड़कों से स्थानीय यातायात का प्रवाह सुधरेगा, वायु प्रदूषण घटेगा और भविष्य में बड़े‑बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल इवेंट्स को आकर्षित करने की क्षमता बढ़ेगी।

पैकेज‑वार कार्य योजना

पहला पैकेज: औंध, बानेर, पाशान, यूनिवर्सिटी, रेंजहिल्स क्षेत्रों में सड़कों का पुनर्विकास। दूसरा पैकेज: सेनापति बापट रोड, कोठरुड, कारवे नगर, सिंहगड रोड, पार्वती पायथ, सरसबाग, खडकवासला। तीसरा पैकेज: पेत क्षेत्र, शिवादर्शन, गंगधाम, कोंधवा, भावनिपेठ, कैंप, यवलेवाड़ी। चौथा पैकेज: भैरोबा नाला, मगरपत्ता, मुंडवा, नॉर्थ मेन रोड, विधान भवन, गणेशखिंड रोड, फर्ग्युसन कॉलेज, डेक्कन।

इतिहास और भविष्य की दृष्टि

पहला पुणे ग्रैंड टूर इस वर्ष ही आयोजित किया गया था और सार्वजनिक प्रतिक्रिया अत्यधिक सकारात्मक रही। उस समय भी सड़कों की सुदृढ़ता को लेकर कई चुनौतियाँ सामने आई थीं, जिन्हें इस बार अधिक विस्तृत योजना के साथ सुलझाया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बड़े‑पैमाने के खेल आयोजन शहर के ब्रांड इमेज को मजबूत करेंगे और पर्यटन, होटल एवं रेस्तरां क्षेत्रों में नई आय उत्पन्न करेंगे।

विशेषज्ञों की राय

शहरी विकास विशेषज्ञ डॉ. अनीरुदा पावसकर, जो पीएमसी के सिटी इंजीनियर भी हैं, ने कहा, “यह परियोजना अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप है और पुणे को खेल‑पर्यटन का हब बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।” साथ ही, पर्यावरण वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि सड़कों के निर्माण में सतत सामग्री और जल निकासी प्रणाली को प्राथमिकता देना आवश्यक है, ताकि दीर्घकालिक पर्यावरणीय प्रभाव कम हो।