उत्तराखंड के ऋषिकेश और टिहरी में खाद्य सुरक्षा विभाग ने होटलों और रेस्टोरेंट्स पर छापेमारी की है। टीम ने नकली पनीर और घटिया सामग्री के उपयोग को रोकने के लिए 13 विभिन्न खाद्य पदार्थों के नमूने लिए हैं।

मुख्य बातें

  • ऋषिकेश और टिहरी के प्रमुख होटलों में खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी।
  • कुल 13 खाद्य पदार्थों के नमूने लैब टेस्टिंग के लिए भेजे गए।
  • नकली पनीर और गैर-दुग्ध उत्पादों के खिलाफ सख्त अभियान।
  • दुकानदारों द्वारा जांच के डर से प्रतिष्ठान बंद करने की कोशिश।

उत्तराखंड के प्रमुख पर्यटन स्थलों, ऋषिकेश और टिहरी में मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने मोर्चा खोल दिया है। खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीमों ने बुधवार को विभिन्न होटलों, रेस्टोरेंट्स और खाद्य प्रतिष्ठानों पर औचक निरीक्षण किया। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य नकली पनीर, गैर-दुग्ध उत्पादों और अन्य मिलावटी सामग्रियों के उपयोग को रोकना है।

ऋषिकेश के होटलों में सघन जांच

ऋषिकेश के वीरभद्र रोड क्षेत्र में विभाग की टीम ने मोदी रिट्रीट, गंगा किनारे, होली वाटर और सेवन सीज जैसे प्रतिष्ठित होटलों की रसोई और स्टोर रूम की बारीकी से जांच की। निरीक्षण के दौरान टीम ने दूध, अरहर दाल और साबुत जीरा जैसे महत्वपूर्ण खाद्य पदार्थों के नमूने एकत्र किए। अधिकारियों ने होटल प्रबंधन को स्वच्छता बनाए रखने और 'फर्स्ट इन, फर्स्ट आउट' (FIFO) पद्धति अपनाने के सख्त निर्देश दिए हैं।

टिहरी में छापेमारी और भागते दुकानदार

टिहरी जिले के मुनि की रेती और तपोवन क्षेत्रों में भी विभाग की टीम पहुंची। चौंकाने वाली बात यह रही कि विभाग की टीम को देखते ही कुछ छोटे खाद्य कारोबारियों ने अपने प्रतिष्ठान बंद कर दिए। इसके बाद टीम ने लेमन ट्री, डिवाइन रिजॉर्ट और स्टर्लिंग पाम ब्लिस के किचन की जांच की। यहाँ बेकरी उत्पादों से लेकर चावल, चिप्स और स्प्रिंग रोल तक के कुल 10 नमूने लिए गए।

क्यों महत्वपूर्ण है यह कार्रवाई?

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि पर्यटन सीजन के दौरान खाद्य सुरक्षा मानकों में ढील देना आम बात है, जिससे पर्यटकों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा मंडराता है। ऋषिकेश और टिहरी जैसे क्षेत्रों में, जहाँ दुनिया भर से पर्यटक आते हैं, खाद्य पदार्थों की शुद्धता सुनिश्चित करना न केवल स्वास्थ्य बल्कि राज्य की छवि के लिए भी महत्वपूर्ण है।

खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। - विनय शंकर पांडेय, सचिव स्वास्थ्य।
क्या आप जानते हैं?: खाद्य सुरक्षा विभाग के पास किसी भी संदिग्ध खाद्य पदार्थ को तुरंत जब्त करने और लैब जांच के लिए भेजने का कानूनी अधिकार है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. विभाग ने किन खाद्य पदार्थों के नमूने लिए हैं?
टीम ने दूध, दाल, जीरा, बेकरी उत्पाद, चावल, स्प्रिंग रोल और चिप्स जैसे 13 विभिन्न नमूनों को लिया है।

2. क्या होटलों पर जुर्माना लगाया जाएगा?
हाँ, लैब रिपोर्ट आने के बाद यदि मिलावट की पुष्टि होती है, तो नियमों के अनुसार सख्त कानूनी कार्रवाई और जुर्माना लगाया जाएगा।