कृष्णा जिले के कांकीपडु में पुलिस ने सात कॉलेज छात्रों को गिरफ्तार किया, जिन्हें चोरी की साइकिलों के बदले गांजा खरीदा और बेचा गया था। यह मामला विज़ाखापट्टनम एजेंसी और आंध्र-ओडिशा सीमा क्षेत्रों में फैला था, जिसमें चार साइकिलें और 7 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ।
- कृष्णा जिले में सात छात्रों को साइकिल‑गांजा बदले के लिए गिरफ्तार किया गया
- पुलिस ने 4 चोरी की साइकिलें, 7 किग्रा गांजा और कई मोबाइल फोन बरामद किए
- अभियंत्रण के तहत छात्र ग्रामीण इलाकों में पिकनिक के बहाने गांजा प्राप्त कर रहे थे
कांकीपडु पुलिस ने सोमवार, 24 अगस्त 2026 को सात छात्रों को हिरासत में लिया, जिन्होंने विज़ाखापट्टनम एजेंसी और आंध्र‑ओडिशा सीमा (AOB) क्षेत्रों में चोरी की साइकिलों के बदले गांजा खरीदा। आरोपियों ने कृष्णा, ईस्ट गोडावरी और पड़ोसी जिलों से विभिन्न स्थानों पर साइकिलें चुराई थीं।
डिप्टी सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस (DSP) के. धर्मेंद्र के अनुसार, यह समूह त्रिपुरिया गांवों में पिकनिक के बहाने जाकर स्थानीय गांजा आपूर्तिकर्ताओं से 5 किलोग्राम गांजा के बदले लगभग ₹1.5 लाख मूल्य की साइकिलें पेश करता था। यह modus operandi ग्रामीण युवाओं के बीच चल रहे नशे के व्यापार को उजागर करता है।
कांकीपडु सर्कल इंस्पेक्टर बी. रवि कुमार ने बताया कि आरोपियों ने अपने परिवार को बताया कि वे अराकू में जॉली ट्रिप पर जा रहे हैं, जबकि वास्तविक में वे गांजा की खरीद‑फरोख्त में लिप्त थे। पुलिस ने चार चोरी की साइकिलें, लगभग 7 किग्रा गांजा और कई मोबाइल फोन जब्त किए।
Why This Matters
BozokMedia analysis shows कि इस प्रकार के छात्र‑आधारित नशीली द्रव्यों के व्यापार से न केवल शिक्षा संस्थानों की सुरक्षा खतरे में आती है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में नशे की लहर भी तेज़ हो रही है। यह केस शिक्षकों, अभिभावकों और स्थानीय प्रशासन को विद्यार्थियों की निगरानी में सख़्त कदम उठाने की आवश्यकता दर्शाता है।
"छात्रों द्वारा नशे के व्यापार में संलग्न होना सामाजिक संरचना को कमजोर करता है और तत्काल नीति हस्तक्षेप की मांग करता है," कहा अपराध विशेषज्ञ डॉ. अजय सिंह ने।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: क्या इस मामले में कोई बड़ा नशा आपूर्तिकर्ता पकड़ा गया है?
उत्तर: अभी तक मुख्य आपूर्तिकर्ता की पहचान नहीं हो पाई है, लेकिन पुलिस उसके पीछे सक्रिय रूप से चल रही है।
प्रश्न 2: क्या इस समूह के सदस्य अभी भी अध्ययन कर रहे हैं?
उत्तर: हाँ, सभी आरोपियों ने अभी भी प्रथम या द्वितीय वर्ष के डिग्री या इंटरमीडिएट कोर्स कर रहे हैं।