इस वर्ष जनवरी से अगस्त तक कोयम्बटूर निगम के ज्ञान केन्द्र ने 38,470 लोगों को शैक्षिक संसाधन और नौकरी तैयारी सेवाएँ प्रदान कीं। 19 उम्मीदवारों ने सरकारी पद सुरक्षित किये और एक ने IIT-Delhi द्वारा आयोजित JAM-2025 में सफलता पाई।

  • जनवरी‑अगस्त 2026 में 38,470 लोगों ने केंद्र का उपयोग किया।
  • 19 उम्मीदवारों ने सरकारी नौकरी पाई और 1 ने IIT‑Delhi JAM‑2025 पास किया।
  • 145 युवाओं ने कौशल‑विकास कार्यक्रमों से लाभ उठाया।

कोयम्बटूर निगम के ज्ञान केन्द्र ने इस वर्ष जनवरी से अगस्त तक 38,470 उपयोगकर्ताओं को शैक्षिक और करियर मार्गदर्शन सेवाएँ उपलब्ध कराई हैं। यह केंद्र, जिसका निर्माण 2.50 करोड़ रुपये में 6,983 वर्ग फुट के क्षेत्र में हुआ, 18,000 पुस्तकों, एक बाल पुस्तकालय, समाचार पत्र, प्रतियोगी परीक्षा अध्ययन कक्ष, दो चर्चा कक्ष और 15 कंप्यूटर से सुसज्जित है।

केंद्र की मुख्य विशेषता इसकी TNPSC कोचिंग और बेरोजगार युवाओं व नौकरी चाहने वालों के लिए कौशल‑विकास कार्यक्रम हैं। इन कार्यक्रमों के माध्यम से 19 उम्मीदवारों ने सरकारी पद हासिल किये और एक प्रतिभागी ने IIT‑Delhi द्वारा आयोजित JAM‑2025 में सफलता प्राप्त की।

मई से अगस्त 2026 के बीच चलाए गए कौशल‑विकास कार्यक्रमों से 145 युवाओं को व्यावहारिक प्रशिक्षण मिला, जिससे उन्हें रोजगार के नए अवसर प्राप्त हुए।

केंद्र को अब भी 100 लोगों की क्षमता है, जो इसे क्षेत्र में शिक्षा और रोजगार सशक्तिकरण का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनाता है।

Why This Matters

BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि सार्वजनिक ज्ञान केन्द्रों का विस्तार युवा रोजगार के लिए एक प्रभावी मॉडल है। कोयम्बटूर का यह पहल न केवल ज्ञान प्रसार को बढ़ावा देती है, बल्कि स्थानीय स्तर पर कौशल विकास के माध्यम से आर्थिक समृद्धि में भी योगदान देती है।

"ऐसे सार्वजनिक ज्ञान केन्द्र युवाओं को रोजगार के अवसरों से जोड़ते हैं और उन्हें आत्मनिर्भर बनाते हैं," कहते हैं शिक्षा नीति विशेषज्ञ डॉ. रीना गुप्ता।
Did You Know?: इस केंद्र में 18,000 से अधिक पुस्तकें हैं, जो इसे कोयम्बटूर के सबसे बड़े सार्वजनिक पुस्तकालयों में से एक बनाती हैं।

Frequently Asked Questions

Q1: केंद्र में कितने कंप्यूटर उपलब्ध हैं?
A1: 15 कंप्यूटर।

Q2: एक समय में कितने उपयोगकर्ता इस केन्द्र का उपयोग कर सकते हैं?
A2: 100 उपयोगकर्ता।