एनआईटी राउरकेला 12 सितंबर को अपना 24वां दीक्षांत समारोह आयोजित करने जा रहा है, जिसमें 2,000 से अधिक छात्रों को डिग्री प्रदान की जाएगी। हालांकि, आंकड़ों ने इंजीनियरिंग स्नातकों के बीच एक बड़े लैंगिक अंतर को उजागर किया है।
- कुल 2,033 छात्रों को यूजी, पीजी और पीएचडी प्रोग्राम में डिग्री मिलेगी।
- कुल स्नातकों में महिलाओं की हिस्सेदारी केवल 25% है, बी.टेक में यह और भी कम (21%) है।
- शैक्षणिक और सह-पाठ्यक्रम उपलब्धियों के लिए 86 पदक और पुरस्कार दिए जाएंगे।
- डिग्रियों का वितरण डिजिटल इंडिया पहल के तहत डिजिलॉकर (DigiLocker) के माध्यम से होगा।
नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NIT) राउरकेला 12 सितंबर को अपना 24वां दीक्षांत समारोह आयोजित करने जा रहा है। इस वर्ष स्नातक, स्नातकोत्तर और डॉक्टरेट कार्यक्रमों के कुल 2,033 छात्रों को उनकी डिग्रियां प्रदान की जाएंगी। इस समारोह की अध्यक्षता नीति आयोग के सदस्य अभय करंदीकर करेंगे, जबकि एनआईटी राउरकेला के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के अध्यक्ष एस एन सुब्रमण्यन भी उपस्थित रहेंगे।
लैंगिक वितरण और शैक्षणिक रुझान
स्नातक होने वाले छात्रों के आंकड़ों का विश्लेषण करने पर तकनीकी क्षेत्रों में एक गहरा लैंगिक अंतर दिखाई देता है। कुल डिग्री प्राप्त करने वालों में 1,525 पुरुष और 508 महिलाएं हैं। इसका अर्थ यह है कि प्रत्येक महिला स्नातक के मुकाबले लगभग तीन पुरुष स्नातक हैं। यह अंतर संस्थान के सबसे बड़े प्रोग्राम बी.टेक (B.Tech) में सबसे अधिक है, जहां केवल 21% महिलाएं (188 महिलाएं बनाम 723 पुरुष) हैं।
| प्रोग्राम | पुरुष | महिला | कुल |
|---|---|---|---|
| बी.टेक. | 723 | 188 | 911 |
| एम.टेक. | 398 | 116 | 514 |
| पीएचडी | 115 | 75 | 190 |
| एम.एससी. (2 वर्ष) | 108 | 74 | 182 |
दिलचस्प बात यह है कि डॉक्टरेट स्तर पर यह अंतर काफी कम हो जाता है। पीएचडी प्रोग्राम में 190 प्राप्तकर्ताओं में से लगभग 40% महिलाएं हैं, जो यह दर्शाता है कि महिला छात्र उच्च अनुसंधान और उन्नत शिक्षा की ओर अधिक अग्रसर हैं।
यह क्यों महत्वपूर्ण है?
BozokMedia के विश्लेषण से पता चलता है कि हालांकि STEM में कुल नामांकन बढ़ रहा है, लेकिन बी.टेक जैसे कोर इंजीनियरिंग पाठ्यक्रमों में महिलाओं की संख्या अभी भी कम है। हालांकि, पीएचडी और एमएससी प्रोग्राम में महिलाओं की मजबूत उपस्थिति शोध-उन्मुख शैक्षणिक करियर की ओर बदलाव का संकेत है। डिग्रियों के लिए डिजिलॉकर का उपयोग दस्तावेज़ जालसाजी को रोकने और सत्यापन प्रक्रिया को सरल बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
"तकनीकी स्नातक स्तर पर लैंगिक असमानता सामाजिक चुनौतियों को दर्शाती है, लेकिन पीएचडी में महिलाओं की बढ़ती संख्या समावेशी शैक्षणिक नेतृत्व की उम्मीद जगाती है।"
डिग्रियों के अलावा, संस्थान 86 पदक और पुरस्कार प्रदान करेगा, जिनमें 11 संस्थान स्वर्ण पदक और 61 रजत पदक शामिल हैं। इसके साथ ही, डिस्टिंग्विश्ड एलुम्नस अवार्ड 2026 ओएनजीसी विदेश लिमिटेड के एमडी और सीईओ राजारशी गुप्ता और करोजन प्रोटेक्शन लिमिटेड के एमडी ज्ञान रंजन मोहंती को प्रदान किया जाएगा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: छात्रों को उनकी डिग्रियां कैसे मिलेंगी?
सभी स्नातक छात्रों को उनकी डिग्रियां डिजिलॉकर (DigiLocker) के माध्यम से डिजिटल रूप में प्राप्त होंगी।
प्रश्न 2: इस वर्ष किन प्रतिष्ठित पूर्व छात्रों को सम्मानित किया जा रहा है?
ओएनजीसी विदेश के राजारशी गुप्ता और करोजन प्रोटेक्शन लिमिटेड के ज्ञान रंजन मोहंती को प्रतिष्ठित पूर्व छात्र पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।