हैदराबाद पुलिस ने एक बड़े नशीले पदार्थों के नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए महाराष्ट्र नंबर के ट्रक से 237 किलो गांजा जब्त किया है। इस कार्रवाई में दो आरोपियों को हिरासत में लिया गया है।

मुख्य बिंदु (Key Takeaways)

  • हैदराबाद के पास पुलिस ने 237 किलोग्राम गांजा बरामद किया।
  • जब्त किए गए नशीले पदार्थों की अनुमानित कीमत ₹1.18 करोड़ है।
  • महाराष्ट्र नंबर के एक ट्रक के केबिन में माल छुपाया गया था।
  • पुलिस ने दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया है और वाहन को भी जब्त कर लिया है।

तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद के बाहरी इलाकों में पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए नशीले पदार्थों की तस्करी के एक बड़े प्रयास को विफल कर दिया है। विश्वसनीय खुफिया जानकारी के आधार पर की गई एक सटीक छापेमारी में, पुलिस अधिकारियों ने एक ट्रक कंटेनर से भारी मात्रा में गांजा (Cannabis) बरामद किया है। जब्त किए गए माल की बाजार में कीमत लगभग 1.18 करोड़ रुपये आंकी गई है।

कैसे हुआ खुलासा?

पुलिस सूत्रों के अनुसार, स्थानीय खुफिया इकाई को सूचना मिली थी कि एक संदिग्ध वाहन नशीले पदार्थों की बड़ी खेप लेकर शहर की ओर बढ़ रहा है। इस सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए, पुलिस ने एक घेराबंदी की और महाराष्ट्र पंजीकरण संख्या वाले एक ट्रक को रोका। जब अधिकारियों ने ट्रक के केबिन और कंटेनर की गहन तलाशी ली, तो वे दंग रह गए। ट्रक के केबिन के भीतर चतुराई से 237 किलोग्राम गांजा छिपाकर रखा गया था।

गिरफ्तारी और जांच का दायरा

इस ऑपरेशन के दौरान पुलिस ने मौके से दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है, जो इस तस्करी के नेटवर्क का हिस्सा बताए जा रहे हैं। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल किए गए ट्रक को भी अपने कब्जे में ले लिया है। शुरुआती पूछताछ में यह संकेत मिले हैं कि यह खेप महाराष्ट्र से लाई जा रही थी और इसका गंतव्य दक्षिण भारत के अन्य राज्यों में हो सकता है।

नशीली दवाओं के खिलाफ बढ़ता अभियान

हैदराबाद पुलिस और राज्य की अन्य एजेंसियां पिछले कुछ समय से ड्रग्स के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपना रही हैं। इस तरह की बरामदगी न केवल तस्करी के रास्तों को उजागर करती है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि तस्कर अब पकड़े जाने से बचने के लिए वाहनों के केबिन जैसे छिपे हुए स्थानों का उपयोग कर रहे हैं। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस तस्करी के पीछे कौन सा बड़ा सिंडिकेट काम कर रहा है और इस नेटवर्क के अन्य सदस्य कौन हैं।