त्रिची के प्रमुख जल निकाय कोल्लनकुलम के सौंदर्यीकरण कार्य में अतिक्रमण की समस्या के कारण बाधा आ रही है। निवासियों द्वारा विस्थापन का विरोध करने के बाद नगर निगम अब परियोजना को स्थगित करने पर विचार कर रहा है।
- कोल्लनकुलम सौंदर्यीकरण परियोजना करुमण्डपम क्षेत्र में अतिक्रमण के कारण रुकी।
- निवासी विस्थापन और पुनर्वास का विरोध कर रहे हैं।
- नगर निगम के पास निवासियों को बसाने के लिए पर्याप्त भूमि का अभाव है।
- ₹24.22 करोड़ की इस परियोजना का उद्देश्य जल निकाय का पुनरुद्धार करना है।
त्रिची के महत्वपूर्ण जल निकायों में से एक, कोल्लनकुलम के सौंदर्यीकरण की महत्वाकांक्षी योजना करुमण्डपम क्षेत्र में एक बड़े संकट का सामना कर रही है। त्रिची नगर निगम को इस क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण को हटाने और निवासियों को पुनर्वासित करने में गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे परियोजना के भविष्य पर अनिश्चितता के बादल मंडरा रहे हैं।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, परियोजना के सुचारू कार्यान्वयन के लिए कुछ घरों को हटाना आवश्यक है, जिन्हें अतिक्रमण के रूप में पहचाना गया है। हालांकि, स्थानीय निवासी अपने घरों को खाली करने और प्रस्तावित पुनर्वास योजना का कड़ा विरोध कर रहे हैं। नगर निगम के पास वर्तमान में इन परिवारों को स्थानांतरित करने के लिए उपयुक्त भूमि उपलब्ध नहीं है।
क्यों यह महत्वपूर्ण है?
BozokMedia विश्लेषण से पता चलता है कि शहरी विकास और सामाजिक न्याय के बीच का संघर्ष अक्सर इस तरह की महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को बाधित करता है। यदि प्रशासन निवासियों के लिए भूमि का प्रबंध करने में विफल रहता है, तो करुमण्डपम वाले हिस्से में इस महत्वपूर्ण परियोजना को पूरी तरह से छोड़ना पड़ सकता है।
शहरी जल निकायों का पुनरुद्धार पारिस्थितिक संतुलन के लिए आवश्यक है, लेकिन मानवीय विस्थापन की समस्या को हल किए बिना इसे लागू करना एक बड़ी चुनौती है।
कोल्लनकुलम का विस्तार लगभग 55 एकड़ में है, जिसमें एडमलाईपट्टीडुपुर और करुमण्डपम के क्षेत्र शामिल हैं। ₹24.22 करोड़ की लागत वाली इस परियोजना को तीन चरणों में विभाजित किया गया है। जहाँ पहले दो चरण (एडमलाईपट्टीडुपुर पक्ष) पर काम चल रहा है, वहीं तीसरा चरण (करुमण्डपम पक्ष) अब विवादों में है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
कोल्लनकुलम के पुनरुद्धार का प्रस्ताव अगस्त 2023 में स्थानीय निवासियों की मांग के बाद दिया गया था। मार्च 2024 में प्रारंभिक कार्य शुरू हुआ था, लेकिन कानूनी बाधाओं के कारण इसे रोकना पड़ा। जुलाई 2025 में काम फिर से शुरू हुआ, लेकिन अब अतिक्रमण का मुद्दा एक नया अवरोध बन गया है।
परियोजना के तहत जलाशय की गाद निकालने, तटबंधों को मजबूत करने, 500 मीटर लंबा वॉकिंग ट्रैक और साइकिल ट्रैक बनाने का प्रस्ताव है। साथ ही, पानी की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए 2 मिलियन लीटर प्रतिदिन क्षमता वाले सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) का निर्माण भी किया जाना है।
Frequently Asked Questions
प्रश्न 1: कोल्लनकुलम परियोजना में मुख्य बाधा क्या है?
उत्तर: मुख्य बाधा करुमण्डपम क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण और निवासियों द्वारा विस्थापन का विरोध है।
प्रश्न 2: परियोजना की कुल लागत कितनी है?
उत्तर: इस संपूर्ण सौंदर्यीकरण परियोजना की कुल स्वीकृत लागत ₹24.22 करोड़ है।